अग्निपथ! अग्निपथ! अग्निपथ! – The Startup Anthem

Fringe Notes! अहम् ब्रह्मास्मि Home Archives Presentations Events Me वृक्ष हों भले खड़े, हों घने, हों बड़े एक पत्र छाँह भी, मांग मत! मांग मत! मांग मत! अग्निपथ! अग्निपथ! अग्निपथ! तू न थकेगा कभी! तू न थमेगा कभी! तू न मुड़ेगा कभी! कर शपथ! कर शपथ! कर शपथ! अग्निपथ! अग्निपथ!...